Jabalpur News: फर्जीवाड़ा सामने आने के बाद अब सभी संजीवनी क्लीनिकों में पदस्थ चिकित्सकों के खंगाले जाएंगे दस्तावेज
आर्य समय संवाददाता,जबलपुर। चेरीताल संजीवनी क्लीनिक में पदस्थ चिकित्सक अजय मौर्य के दस्तावेज फर्जी होने के मामले गिरफ्तारी के बाद अब जबलपुर का स्वास्थ्य जागा है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) ने डॉ. नवनीत कोठारी ने जिले में कार्यरत सभी संजीवनी क्लीनिकों में पदस्थ चिकित्सकों के दस्तावेजों की जांच कराए जाने के निर्देश दिए हैं। जबलपुर जिले में अभी 53 संजीवनी क्लीनिक कार्यरत है। जिनमें से शहर सीमा में 51 वे दो सिहोरा में चल रही हैं।
सीएमएचओं डॉ. नवनीत कोठारी ने बताया कि उन्होने फर्जी चिकित्सका से जुड़ा मामला प्रकाश में आने के बाद अर्बन नोडल अधिकारी डॉ. अमजद खान को जांच के निर्देश दिए हैं। उल्लेखनीय है कि चेरीताल में पदस्थ चिकित्सक डॉ. अजय मौर्य की गिरफ्तारी के बाद यह सवाल उठ रहे थे कि दस्तावेजों की जांच क्यों नहीं की गई।
अर्बन अधिकारी सोमवार को तो यह कह कर पल्ला झाड़ रहे थे कि दस्तावेजों की जांच मुख्यालय स्तर पर भोपाल में हुई थी। लिहाजा उनकी कोई जिम्मेदारी नहीं बनती। लेकिन सीएमएचओ के निर्देश से साफ है कि जिम्मेदारों ने अपनी भूमिका ठीक से नहीं निभाई थी। अभी तो उक्त फर्जी चिकित्सको को आॅफ लाइन वेतन कैसे हो रहा था इस बात की भी जांच होगी। उसे विशेष ट्रेनों में ही क्यों ड्यूटी पर लगाया जाता था।