Advertisment

Jabalpur News: होली में तस्कर-शिकारी सक्रिय,अलर्ट मोड में वन विभाग

जंगल से बेशकीमती इमारती लकड़ियां और वन्य प्राणी हमेशा माफिया की नजर में रहते हैं।

New Update
Forest Department in alert mode

Forest Department in alert mode

आर्य समय संवाददाता,जबलपुर। जंगल से बेशकीमती इमारती लकड़ियां और वन्य प्राणी हमेशा माफिया की नजर में रहते हैं। लेकिन होली के दौरान उनकी सक्रियता ज्यादा बढ़ जाती है। वहीं शौकियां शिकारियों की संख्या भी बढ़ जाती है। इस बात को ध्यान में रखते हुए वन विभाग का पूरा अमला अलर्ट मोड पर रखा गया है। वन परिक्षेत्र स्तर पर गश्ती दलों को गठित कर निगरानी रखी जा रही है।

Advertisment

मुख्य रूप से रात्रिकालीन गश्त में खुद अधिकारी भी मैदान में उतर रहे हैं। ताकी लकड़ी चोरी और शिकार की वारदातों पर लगाम लगाई जा सके।वन मंडल अधिकारी ऋषि मिश्रा ने बताया कि बीते एक माह से जंगल में चल रही अवैध गतिविधियों पर लगाम लगाने विशेष अभियान चलाया जा रहा है। जिसके परिणाम भी सामने आ रहे हैं।

लगातार वन अमले लकड़ी तस्करों को पकड़ रहा है। इतना ही नहीं उनसे लाखों की इमारती लकड़ी भी जप्त की गई है। वहीं होली के त्योहार में लकड़ी चोरी और वन्य प्राणियों के शिकार की वारदातें बढ़ जाती हैं। 

जिसको देखते हुए वन मंडल जबलपुर के अंतर्गत आने वाले सभी 7 वन परिक्षेत्रों में विशेष गश्ती टीमें बनाई गई है। टीमों को होली की रात और दूसरे दिन जंगलों में विशेष नजर रखने के निर्देश दिए गए है। वन मंडल अधिकारी ने बताया कि मैदानी अमले के साथ ही साथ रेंज अधिकारी और वे खुद भी रात्रि गश्त में शामिल हो रहे हैं। पूरी रात पेट्रोलिंग की जा रही है।

ग्रामीणों को किया गया जागरूक -
होलिका दहन के लिए ग्रामीण अक्सर वन क्षेत्रों के वृक्षों को काटते हैं। इस बात को ध्यान रखते हुए ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता अभियान चलाकर बताया गया है कि जंगल को नुकसान न पहुंचे। क्योंकि ग्रामीण अनजाने में बेशकीमती और औषधिय महत्व वाले वृक्षों पर कुल्हाड़ी चला देते हैं। लिहाजा उन्हें बताया गया है कि केवल सूखी और जलाऊ लकड़ी का इस्तेमाल करें। वहीं यह भी बताया गया है कि उनकी कौन सी लापरवाही से वे वन्य अपराध की श्रेणी में आ जाएंगे।

Advertisment
Latest Stories
Advertisment